होता अति का अंत है , कह गये सारे संत
एक
सरीखे रह गये , पतझर और बसंत
पतझर और बसंत , सभी मौसम हैं घायल
दूषित जल में मौन , हुई सरिता की पायल
लुप्त हो रहे जीव , बया गौरैय्या
तोता
सँभल जरा ओ मनुज,अंत है अति का होता ||
अरुण कुमार निगम
आदित्य नगर, दुर्ग (छत्तीसगढ़)
शम्भूश्री अपार्टमेंट, विजय नगर, जबलपुर (म.प्र.)
आदित्य नगर, दुर्ग (छत्तीसगढ़)
शम्भूश्री अपार्टमेंट, विजय नगर, जबलपुर (म.प्र.)